भारी बरसात के कारण कमोल्डी-मोल्खाखाल मोटरमार्ग खस्ता

मार्ग पर जगह-जगह आया है मलबा, जान हथेली पर रखकर ग्रामीण कर रहे सफर
रुद्रप्रयाग। भारी बरसात के कारण ग्रामीण क्षेत्रों को जोड़ने वाले लिंक मार्गों की स्थिति दयनीय बनी है। आलम यह है कि मार्ग पर जगह-जगह मलबा आया है, जबकि कईं जगहों पर मार्ग ढह गया है।

 

ऐसे में ग्रामीण जनता को हथेली पर रखकर सफर तय करना पड़ रहा है।
बरसात आते ही ग्रामीण जनता की परेशानियां भी बढ़ जाती हैं। हर दिन ग्रामीण इलाकों में बारिश होने से लिंक मार्ग बदत्तर हालत में हैं। विभाग की ओर से लिंक मार्गों की कोई सुध नहीं ली जा रही है, जिस कारण जगह-जगह लिंक मार्गों पर मलबा पड़ा हुआ है। इसके साथ ही कईं जगहों पर पुश्ते टूटने से मार्ग जानलेवा बना हुआ है।

 

खांखरा-कमोल्डी-मोल्खाखाल 25 किमी मोटरमार्ग पर पीपली से मोल्खाखाल तक मार्ग जानलेवा बना हुआ है। मोटरमार्ग के पांच जगहों पर गदेरे उफान पर आये हुए हैं, जहां पर सफर करना किसी खतरे से खाली नहीं है। इसके अलावा मोटरमार्ग पर पिछले एक माह पूर्व डामर बिछाने का कार्य शुरू किया गया और डामर के लिए उपयोग की गई सामग्री भी बरसात में बह गई है, जिससे अब और अधिक दिक्कतें आने लगी हैं।

 

ग्राम प्रधान बणगांव विक्रम सिंह नेगी , प्रधान बणसौं हर्ष लाल, प्रधान धारकोट शशि देवी, युवक मंगल दल अध्यक्ष शशि नेगी ने कहा कि भारी बरसात के कारण मोटरमार्ग की हालत बदत्तर बनी हुई है। ग्रामीणों को जान जोखिम में डालकर सफर तय करना पड़ रहा है। रोजमर्रा की आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए ग्रामीणों को मुख्यालय पहुंचना पड़ता है, लेकिन मोटरमार्ग की स्थिति इतनी भयावह बनी है कि कभी भी कोई बड़ा हादसा हो सकता है।

 

उन्होंने संबंधित विभाग पर आरोप लगाते हुए कहा कि विभाग की ओर से मोटरमार्ग पर मलबा हटाने व क्षतिग्रस्त पुश्तों के निर्माण को लेकर कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है। मोटरमार्ग पर गदेरे उफान पर आये हुए हैं, जिनसे भी ग्रामीणों को खतरा बना हुआ है। उन्होंने मांग करते हुए कहा कि जल्द ही मोटरमार्ग से मलबा साफ किया जाय, जिससे आवागमन में ग्रामीणों को सहूलियत मिल सके।

PropellerAds